Yo Diary

UP : ड्रोन से कासगंज में हालात पर नजर रख रही पुलिस, इलाके में तनावपूर्ण शांति, देखें वीडियो

कासगंज :गणतंत्र दिवस पर उत्तर प्रदेश के कासगंज में दो समुदायों के बीच हिंसा के बाद इलाके में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है. हालात सुधारने के उपायों पर चर्चा के लिए रविवार को शांति समिति की बैठक हुई. अलीगढ़ जोन के पुलिस महानिरीक्षक संजीव कुमार गुप्ता ने बताया कि हालात को पटरी पर लाने के भरसक प्रयास किये जा रहे हैं. हालांकि, रविवार को शहर के नदरई गेट इलाके के बाकनेर पुल के पास एक गुमटी में आग लगा दी गयी. नामजद आरोपितों के घरों पर दबिश दी जा रही है. कासगंज में हुए संघर्ष पर नजर रखने के लिए पुलिस ड्रोन का इस्तेमाल कर रही है.

पुलिस महानिदेशक ओपी सिंह ने कहा कि हिंसा में शामिल लोगों पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून की तामील की जायेगी. अब तक 80 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है. घर-घर में तलाशी ली जा रही है. कुछ जगहों से विस्फोटक तत्व बरामद हुए हैं. सिंह ने कहा कि गणतंत्र दिवस राष्ट्रीय पर्व है और इसे मनाने के लिए किसी की इजाजत की जरूरत नहीं है. इस बीच, हालात के मद्देनजर कासगंज में शांति समिति की बैठक आयोजित की गयी. आगरा जोन के अपर पुलिस महानिदेशक अजय आनंद ने बैठक के बाद दावा किया कि शहर में डर का माहौल नहीं है. पुलिस ने वारदात पर रोक लगायी है और घटनाओं में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जायेगा. ऐसे लोगों को गिरफ्तार किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि शांति समिति की बैठक में शहर के गणमान्य लोग शामिल थे और बैठक में तय किया गया कि सभी दुकानदार अपनी-अपनी दुकानें खोलेंगे. आगरा के मंडलायुक्त सुभाष चंद्र शर्मा ने कहा कि बैठक के दौरान सभी पक्षों ने अपना-अपना नजरिया पेश किया और मौजूदा हालात को लेकर अपनी चिंता जाहिर की. प्रशासन ने उनकी हरसंभव मदद का आश्वासन दिया है. बैठक में शामिल लोगों से अपने-अपने इलाकों में निगरानी रखन

इस बीच, प्रदेश के उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा ने कासगंज में हुई घटना को दुखद बताते हुए इसकी निंदा की. उन्होंने कहा कि जो लोग भी इसके लिए दोषी हैं, उनमें से एक भी व्यक्ति नहीं बख्शा जायेगा. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद हालात की समीक्षा की है. अपराधी चाहे जितना बड़ा या प्रभावशाली हो, उसके खिलाफ कार्रवाई की जायेगी. कुछ लोग लूटपाट कराने और आपसी मतभेद कराने कोशिश कर रहे हैं. दंगे करनेवालों के साथ-साथ फसाद की साजिश करनेवाले भी दंडित होंगे. मालूम हो कि गणतंत्र दिवस पर विभिन्न संगठनों के कार्यकर्ताओं द्वारा कासगंज के बड्डूनगर में मोटरसाइकिल रैली निकाले जाने के दौरान दोनों पक्षों के बीच पथराव और गोलीबारी हुई थी, जिसमें एक युवक की मौत हो गयी थी तथा एक अन्य जख्मी हो गया था. वारदात के दूसरे दिन भी शहर में हिंसा जारी रही. उपद्रवियों ने तीन दुकानों, दो निजी बसों और एक कार को आग के हवाले कर दिया था. प्रशासन ने रविवार रात दस बजे तक इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी हैं. आगरा जोन के अपर पुलिस महानिदेशक, अलीगढ के मंडलायुक्त, अलीगढ़ रेंज के पुलिस महानिरीक्षक लगातार मौके पर हैं.

Technology

.तो भारत में इलेक्ट्रिक कारें बनाएगी मर्सडीज बेंज?

गेम खेलने की लत बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए हानिकारक

Wheels And Waves 2018: रॉयल एनफील्ड ने पेश की तीन दमदार कस्टम बाइक्स

इस कंपनी का सस्ता स्मार्टफोन भारत में लॉन्च, Redmi 5 से मुकाबला

लॉन्च हुआ गूगल एंड्रॉयड मैसेज डेस्कटॉप वर्जन, व्हाट्सएप की तरह कर सकेंगे इस्तेमाल