Yo Diary


The Quotes are powered by Investing.com India

इस तरह सेविंग एकाउंट में मिनिमम एवरेज बैलेंस बनाये रखें

बैंकों में मिनिमम एवरेज बैलेंस नहीं रखने पर एक निश्चित शुल्क फाइन के रूप में काटा लिया जाता है. मिनिमम एवरेज बैलेंस कैसे बनाया जा सकता है इसको समझना बहुत जरूरी है, नहीं तो आपके एकाउंट से भी बैंक फाइन काट सकता है. एसबीआई ने एक अक्टूबर से अपनी मिनिमम एवरेज बैलेंस की दरें तय कर दी थी. हालांकि अन्य बैंकों में यह दर एक हजार रुपये से लेकर के 25 हजार के बीच में है. मिनिमम एवरेज बैलेंस की गणना आप खुद आसानी से कर सकते हैं. इसके लिए बैंक महीने की पहली तारीख से लेकर महीने के आखिरी तारीख तक अकाउंट में रहने वाले बैलेंस को देखते है. मान लीजिए कि आपका एसबीआई में खाता है और आप मेट्रो शहर में रहते हैं. अब इस उदाहरण से समझते हैं

आपने किसी भी महीने की एक तारीख कोपांच हजार रुपये जमा किये और 10 तारीख को तीन हजार रुपये निकाल लिए. इसके बाद 21 तारीख को फिर से 5 हजार रुपये जमा कर दिये. अब एक तारीख से लेकर के 10 तारीख तक का बैलेंस 5000 x 9 = 45000 रुपये इसके बाद 10 तारीख से लेकर के 20 तारीख का बैंलेंस 2000 x 11 = 22000 रुपये इसके बाद 20 तारीख से लेकर के 30 तारीख तक का बैलेंस 7000 x 10 = 70000 रुपये अब आप इन सबका जोड़ कर लीजिए, यानी कि (45000+22000+ 70000) =137000 रुपये अब इसको 30 से भाग देने से आपके पास 4566 रुपये का औसत आएगा. इस तरह खाते का मिनिमम एवरेज बैंलेंस 4566 रुपये का होता है. इसी तरह आप भी अपने सेविंग एकाउंट के मिनिमम बैलेंस बनाये रख सकते हैं.